शिक्षकों को भाषा एवं गणित शिक्षण को रोचक बनाना चाहिए- डीके पाल
अजीत सिंह
सिद्धार्थनगर। बुनियादी साक्षरता एवं गणित ज्ञान के प्रभावी शिक्षण हेतु शिक्षण कार्य को सरल, रोचक एवं बाल केंद्रित बनाने के लिए शिक्षकों को सतत प्रयास करने की आवश्यकता है। प्रत्येक बच्चे की दक्षता स्तर का नियमित आंकलन करते हुए शिक्षक बच्चों का सर्वांगीण विकास कर सकते हैं।
सोमवार को ब्लॉक संसाधन केंद्र मिठवल में शुरू हुए पांच दिवसीय एफएलएन प्रशिक्षण का शुभारंभ करते हुए यह विचार बीईओ धर्मेन्द्र कुमार पाल ने व्यक्त किए। संदर्भदाता जितेन्द्र कुमार त्रिपाठी, आदर्श मिश्रा, तारिक मुस्तफा एवं कृष्ण किशोर त्रिपाठी ने भाषा एवं गणित शिक्षण को रोचक एवं प्रभावी बनाने के लिए शिक्षकों से परस्पर चर्चा-परिचर्चा करते हुए प्रशिक्षण का कुशल संचालन किया।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागी शिक्षकों द्वारा प्रस्तुत विभिन्न नवाचारों एवं गतिविधियों की प्रस्तुति विशेष रूप से उल्लेखनीय रही। प्रशिक्षण में ब्लॉक गुणवत्ता समन्वयक शैलेश श्रीवास्तव सहित जनार्दन यादव, रंगनाथ पांडेय, मंजूषा सिंह एवं सपना त्रिपाठी आदि सहित प्रथम बैच के समस्त प्रतिभागियों की सक्रिय उपस्थिति रही।





