आत्मदाह के लिए कलक्ट्रेट पहुंचीं मां बेटी, सारे सभासदों ने कहा महिला का चरित्र संदिग्ध

July 18, 2023 1:41 PM0 commentsViews: 1066
Share news

महिला ने कहा मेरा उत्पीड़न किया जा रहा, मुझे न्याय चाहिए, सारे सभासद बोले- महिला कांसीराम मुहल्ले का माहौल दूषित कर रही

नजीर मलिक


सिद्धार्थनगर। स्थानीय कलेक्ट्रेट परिसर में सुबह एक महिला अपनी लड़की के साथ गैलन में पेट्रोल लेकर पहुंच गई। उसके पहुंचते ही पुलिस और प्रशासन के हाथ पांव फूलने लगे। महिला ने आरोप लगाया कि बच्चों के विवाद को लेकर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। रोजाना पुलिस व प्रशासन के लोगों को भेजकर जांच के नाम पर उसका उत्पीड़न कराया जा रहा है। याद रहे कि उक्त महिला पर नगर पालिका सिद्धार्थनगर के अधिकांश सदस्यों ने उस पर कालोनी का माहौल खराब करने के आरोप के साथ उसका किराये का आवास खाली कराने कि मांग की थी। जिस पर एसडीएम ने उसका आवास खाली कराने शनिवार को मय फोर्स गये थे। बाद में महिला के अनुरोध पर पांच दिन का समय देकर लौट आये थे। अब इस महिला का अपनी बेटी के साथ आत्मदाह के लिए कलक्ट्रेट जाने से यह सवाल उठने लगा है कि वास्तव में प्रकरण का सच क्या है।

क्या है महिला का पक्ष

शहर के काशीराम आवास में रहने वाली महिला अपनी बेटी के साथ सुबह करीब 11 बजे गैलन में पांच लीटर पेट्रोल लेकर कलेक्ट्रेट परिसर पहुंच गईं। उसने आरोप लगाया कि एक व्यक्ति के इशारे पर उसे व उसके स्वजन को परेशान किया जा रहा है। बार-बार जांच के नाम पर घर पर पुलिस व प्रशासन के लोग पहुंच रहे हैं। इससे मोहल्ले में उसका रहना दूभर हो गया है। जबकि आवास में तमाम लोग अवैध रूप से रह रहे हैं। लेकिन प्रशासन का ध्यान उन लोगों पर नहीं है। हमारे साथ अन्याय किया जा रहा है, जिसे बर्दाश्त नहीं करेंगे। न्याय नहीं हुआ तो वह खुद पर पेट्रोल डालकर आत्मदाह करेंगे। इसकी जानकारी मिलने पर मौके पर तत्काल उप जिलाधिकारी कुणाल व प्रियंका चौधरी भी पहुंच गईं। धरने पर बैठी महिला ने चेतावनी दिया कि यदि उसका उत्पीड़न बंद नहीं हुआ तो पेट्रोल डालकर आत्मदाह कर लेगी।

महिला थानाध्क्ष ने दिया भरोसा

इसके बाद एसडीएम ने कार्रवाई का भरोसा दिलाते हुए मां बेटी को थाने पर भेजा। थाने पर महिला को समझा बुझाकर आत्मदाह करने से रोका। साथ ही आश्वासन दिया कि उसके साथ न्याय किया जाएगा। मौके पर महिला थानाध्यक्ष मीरा चौहान सहित अन्य पुलिस कर्मी भी मौजूद रहे। इस संबंध में शहर कोतवाल सतीश कुमार सिंह ने बताया कि महिला को समझाया गया है कि बिना जांच पड़ताल के आवास खाली नहीं करवाया जाएगा। इसके साथ ही पेट्रोल को रखवाकर उसे घर भेज दिया गया है।

महिला को लेकर क्या कह रहे 22 सभासद

दूसरी तरफ नगर पालिका के सभासद धनन्जय श्रीवास्तव, फतेहबहादुर सिंह, संदीप रस्तोगी, इमरान, गणेश लोधी आदि 22 सभासदों ने ज्ञापन देकर एसडीएम से कहा था कि महिला दूसरे के आवंटित आवास में अवैध रूप से रहती है। उसके घर संदिग्ध लोगों का आना जाना होता है। जिससे कांशीराम मोहल्ले का माहौल दूषित होता है। इसके अलावा भी लोंगों ने अलग से बताया की वह जेल भी जा चुकी है। आये दिन पुलिस में फर्जी शिकायत कर वह मुहल्ले वालों का भयोहन करती है। उक्त महिला का चरित्र संदिग्ध है। उससे मुहल्ले के बच्चों पर दुष्प्रभाव पड़ने की आशंका है।

याद रहे कि सभासदों के ज्ञापन का लेते हुए एसडीएम सदर शनिवार को आवास खाली कराने गये थे, मगर महिला द्वारा पांच दिन का समय मांगने के उपरांत लौट आये थे। इसके बाद उक्त महिला ने अपना वादा तोड़ते हुए नया मसला पैदा कर दिया। इस बारे में वरिष्ठ सभासद धनन्जय सहाय का कहना है कि नगर पालिका के सारे सभासद मुहल्ले वालों के साथ हैं। जल्द ही इस विषय में कोई निर्णय किया जायेगा।

कांसीराम मुहल्ले में कुछ तो गड़बड़ है

शहर के कांसीराम मुहल्ले में कुछ तो है जो गड़बड़ है। आम तौर से इसकी सूचना पुलिस वालों को भी दी जाती है। यहां हत्या सी वारदातें हो चुकी हैं। अनेक आंवटित आवासों में दूसरे लोग रहते हैं और गैरकानूनी काम करते हैं। व्याभिचार करने कराने की शिकायतें भी यहां मिल जाती हैं। इसकी बदनामी के चलते शहर में हर घटना के बाद पुलिस की निगाहें इस कालोनी की ओर रहने लगती हैं। अनेक गरीबों का कहना है कि आमतौर पर यहां कुछ लोगों का जरायम पेशा है जिसका दंड कभी कभी उन लोगों को पुलिस की आवाजही व दबिश के रूप में भरना पड़ता है।

Leave a Reply