हैवानियतः मासूम बच्चियों से दुष्कर्म, रेपिस्ट मौके से ही गिरफ्तार, जेल भेजा गया

June 25, 2024 12:37 PM0 commentsViews: 857
Share news

नजीर मलिक

सिद्धार्थनगर। जिला मुख्यालय पर सोमवार की शाम दुष्कर्म की अत्यंत घिनावनी और लोमहषर्क घटना हुई। पुलिस स्टेशन के करीब ही कूडा बीनने वाले एक युवक ने नगर के एक वार्ड में खेल रहीं दो अबोध बच्चियों में से एक के साथ दुष्कर्म किया और दूसरी के साथ दुष्कर्म के प्रयास में था कि पकड़ लिया गया। पीड़ित बच्चियां पांच से सात वर्ष की हैं। आरोपी को तत्काल ही गिरफ्तार कर लिया गया है। इस घटना की सारे शहर में निंदा हो रही है। लोगों ने ऐसे हैवान को कड़ी सजा देने की मांग की है।

जानकारी के अनुसार, शहर के एक मोहल्ले में साढ़े सात बजे पांच और सात साल की दो बच्चियां आपस में खेल रहीं थी। बताया जा रहा है कि इसी बीच एक कूड़ा बीनने वाला युवक वहां पहुंचा गया और मौका देख कर दोनों बच्चियों को बहला फुसलाकर एक स्थान अंधेरे और सूनसान स्थन  पर ले गया। जहां उसने एक बच्ची के साथ  दुष्कर्म किया और दूसरी के साथ दरिंदगी करने की कोशिश कर रहा था, तभी कुछ लोगों की नजर पड़ गई और शोर मचाते हुए उसे पकड़ लिया। तब तक भीड़ जुट गई और पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस दोनों बच्चियों को लेकर इलाज के लिए चली गई। वहीं, आरोपी को पकड़कर थाने ले गई। आरोपी का नाम खुरशीद है तथा वह लगभग 30 वर्ष का है।

मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक प्राची सिंह थाने पर पहुंच गईं। उन्होंने घटना के बारे में जानकारी ली। एसओ को केस दर्ज करके कार्रवाई करने का निर्देश दिया। पुलिस दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट सहित अन्य धारा में केस दर्ज कर मंगलवार को न्यायालय में पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। एसपी प्राची सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचीं। एक बच्ची के साथ दुष्कर्म हुआ है और दूसरी के साथ दुष्कर्म का प्रयास हुआ है। आरोपी के खिलाफ, सुसंगत धारा में मुकदमा दर्ज  किया गया है। इस घटना कि चारों ओर निंदा हो रही है। शहर वासियों ने ऐसे हैवान को कठोर सजा देने की मांग की है।

बताते चलें कि पिछले एक सप्ताह में विवाहिताओं, युवती व छोटी बच्चियों समेत आधा दर्जन महिलाओं के साथ दुष्कर्म की घटनाएं हुई हैं। लेकिन पुलिस इस दिशा में ठोस कारवाई नहीं कर पा रही है। डुमरियागंज में रेप के एक सह अभियुक्त को छोड़ देने की घटना चर्चा का विषय है। पुलिस प्रशासन का ध्यान इस तरफ अपेक्षित है।

 

 

 

 

 

 

Leave a Reply