कुर्बानी के लिए गोबरहवां बाजार में सजा बकारों का बाजार, 7 को होगी कुर्बानी
असदुल्लाह सिद्दीकी
सिद्धार्थनगर। ईद-उल-अजहा (बकराईद) 7 जून को मनाई जाएगी। अल्लाह के नाम पर कुर्बानी देने के लिए लोगों ने तैयारी भी शुरू कर दी है। कुर्बानी के लिए बकरों की खरीदारी जोर शोर से हो रही है। इसके लिए लोग गोबरहवां बाजार के बकरा मंडी में भारी तादात में दिखे। गोबरहवा बाजार में जिले के जोगिया, बर्डपुर, मोहाना, लोटन, उसका कस्बा समेत हजारों गांव के लोग बकरे की खरीद -बिक्री करने आये हिए थे।
बकरा पर भी दिखा महंगाई का असर
इस बार बकरों की कीमत पिछले साल की तुलना में 10 से 20 फीसदी बढृ़ी हुई है। लेकिन खरीदारी पर इसका प्रभाव नहीं दिख रहा है। सुबह 7 बजे से ही बकरा मंडी सज गई थी करीब 7 बजे शाम तक खरीद फरोख्त चलता रहा। बाजार में करीब दस हजार रुपये से लेकर एक लाख रुपये तक के बकरें बिकने के लिए आये थे। जिनके लिये कुर्बानी जरूरी है, वे अपने हिसाब से बकरों की खरीदारी कर रहे हैं। महंगाई का असर कुर्बानी के जानवरों पर साफ नजर आ रहा है। व्यापारियों की मानें तो इस साल बकरो की संख्या कम होने से बकरे अधिक दाम में बिक रहे हैं।
इस नस्ल के बकरों की खास डिमांड
बाजार में देसी, जमुनापारी, काल्पी आदि नस्ल के बकरे बिकने के लिए आ रहे हैं। बकरा खरीदने की लगी होड़ लगी हुई है, मुस्लिम समुदाय में बकरीद का विशेष महत्व है। हर कोई विशेष योजना के साथ बकरे खरीदने आता है। इस बार गर्मी ज़्यादा है, जिस वजह से सभी चाह रहे हैं कि जल्दी क़ुरबानी का बकरा खरीद लिया जाये। बकरीद से पहले बकरे की देख रेख करना, उसको पालना अच्छा माना जाता है। इसलिए सभी कोशिश करते हैं कि जैसे ही बाजार में बकरों की अच्छी नस्ल मौजूद हो तभी खरीद लिए जाये।







