गजबः पुलिस ने तोड़ी शराब भठ्ठियां, आबकारी विभाग फिर बनवा देगा, लूट का सिलसिला जारी रहेगा

February 28, 2016 8:52 pm0 commentsViews: 231
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अमित श्रीवास्तव

ओदनवां ताल में शराब की भठ्ठी तोड़ते पुलिस के जवान

ओदनवां ताल में शराब की भठ्ठी तोड़ते पुलिस के जवान

मिश्रौलिया, सिद्धार्थनगर। पुलिस की टीम ने आज मिश्रौलिया थाना क्षेत्र में आज दबिश देकर अवैध शराब बनाने की तमाम भठ्ठियों को तो़ड़ दिया। यह नई बात नहीं है। पुलिस जब भी इन भठ्ठियों को तोडती है, आबकारी विभाग फिर उन्हें बनवा देता है। ऐसे में धंधा भले गंदा हो, मगर माल तो है ही। इसलिए यह आगे भी जारी रहेगा ही।

रविवार यानी आज पुलिस की चार टीमों ने सीओ इटवा दीप नारायन त्रिपाठी के नेतृत्व में मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के गांव ओदनताल, कनकटी, जोकइला, सोनौली आदि कई गांवों में दबिश डाला। टीम में डुमरियागंज के सीओ दीन दयाल की टीम भी साथ थे।

उपरोक्त गांवों में दबिश के दौरान पुलिस टीम ने 70 कुंतल अवैध शराब बनाने का सामान यानी लहन और 350 लीटर अवैध दारू बरामद किया। जिसे पुलिस ने वहीं नष्ट कर दिया।

इस मामले में सीओ इटवा ने बताया कि अवैध शराब नदी के किनारे बनती है। छापे के दौरान इसमें लगे लोगदूर से किसी के आने की बात जान जाते हैं। इसलिए वह आम तौर पर पकड़ में नहीं आते हैं। इसलिए इस बार भी नहीं पकड़े गये।

बहरहाल बताते चलें कि इसी क्षेत्र में एसपी अजय साहनी ने पिछले दिनों अवैध शराब की भठ्ठियों पर बुलडोजर चलवाया था। लेकिन यह धंधा 15 दिनों में फिर चल निकला।

बात साफ है कि इस गंदे धंधे में अवैध शराब रोकने का जिलम्मेदार आबकारी विभाग बराबरका भागीदार है। दरअसल इस धंघे को आगे बढ़ाने में इसी विभागका अहम रोल है।

अभी पिछले दिनों पुलिस कप्तान अजय कुमार साहनी ने इसी क्षेत्र में जेसीबी मशीन चलवा कर सारी भठ्ठिायों को तुडवाया था। इसके बावजूद यह धंधा 15 दिनों में फिर जम गया। यह विभाग के संरक्षण के बिना मुमकिन नहीं है। ऐसे में आबकारी विभाग की जवाबदेही खुद ब खुद बढ़ जाती है। लेकिन आबकारी विभाग ही क्या, जो जिम्मेदारी स्वीकार करे।

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

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